कृषि समाचार

महाराष्ट्र में 1.80 लाख किसानों को मिलेगी कर्जमाफी की राहत

Maharashtra farm loan waiver

छत्रपति संभाजीनगर: महाराष्ट्र सरकार की ‘पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर शेतकरी कर्जमुक्ति योजना 2026’ के तहत मराठवाड़ा के छत्रपति संभाजीनगर जिले के 1.80 लाख से अधिक किसानों को बड़ी राहत मिलने जा रही है। जिला प्रशासन के अनुसार पात्र किसानों के लिए 1,632.12 करोड़ रुपये की कर्जमाफी स्वीकृत की गई है। इस योजना का उद्देश्य बकाया फसल ऋण के बोझ को कम कर किसानों को आर्थिक संबल प्रदान करना है।

किन किसानों को मिलेगा योजना का लाभ

योजना के तहत उन किसानों को लाभ दिया जाएगा जिन्होंने 1 अप्रैल 2019 से 31 मार्च 2025 के बीच अल्पकालिक फसल ऋण लिया था। साथ ही जिनका ऋण 30 सितंबर 2025 तक बकाया रहा और 31 मार्च 2026 तक उसका भुगतान नहीं हो सका, वे इस योजना के लिए पात्र होंगे। इसके अलावा जिन किसानों के अल्पकालिक फसल ऋण का पुनर्गठन कर उसे मध्यम अवधि के ऋण में परिवर्तित किया गया है, वे भी निर्धारित शर्तें पूरी करने पर योजना का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।

प्रत्येक पात्र किसान को दो लाख रुपये तक की राहत

योजना के अंतर्गत प्रत्येक पात्र किसान के लिए अधिकतम दो लाख रुपये तक की मूलधन और ब्याज सहित बकाया राशि माफ की जाएगी। जिन किसानों पर दो लाख रुपये से अधिक का बकाया है, उन्हें पहले एकमुश्त निपटान के तहत अतिरिक्त राशि संबंधित बैंक में जमा करनी होगी। इसके बाद राज्य सरकार दो लाख रुपये तक की स्वीकृत राशि जारी करेगी। वर्ष 2019 की महात्मा ज्योतिराव फुले शेतकरी कर्जमुक्ति योजना का लाभ पहले प्राप्त कर चुके किसानों को भी नई योजना के तहत अधिकतम 50 हजार रुपये तक की अतिरिक्त राहत प्रदान की जाएगी।

आधार से जोड़ना जरूरी

जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक के अनुसार पात्र किसानों के खातों का विवरण सरकारी पोर्टल पर अपलोड किया जा चुका है। हालांकि लगभग 712 पात्र खातों का आधार से जुड़ाव अभी शेष है। ऐसे किसानों से अपील की गई है कि वे शीघ्र अपने संबंधित बैंक से संपर्क कर आधार जोड़ने की प्रक्रिया पूरी करें, ताकि कर्जमाफी की राशि समय पर प्राप्त हो सके।

इन बैंकों के किसानों को मिलेगा सबसे अधिक लाभ

जिले में सबसे अधिक पात्र खाते जिला केंद्रीय सहकारी बैंक में दर्ज किए गए हैं। इसके बाद महाराष्ट्र ग्रामीण बैंक, भारतीय स्टेट बैंक और बैंक ऑफ महाराष्ट्र का स्थान है। कर्जमाफी राशि के आधार पर भारतीय स्टेट बैंक के खाताधारकों को सबसे अधिक लगभग 415.08 करोड़ रुपये की राहत मिलेगी। महाराष्ट्र ग्रामीण बैंक के किसानों को लगभग 391 करोड़ रुपये, बैंक ऑफ महाराष्ट्र के किसानों को 256.02 करोड़ रुपये तथा जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के किसानों को लगभग 212 करोड़ रुपये की कर्जमाफी का लाभ मिलेगा। इसके अतिरिक्त अन्य राष्ट्रीयकृत बैंकों के पात्र किसानों को भी इस योजना के तहत राहत प्रदान की जाएगी। राज्य सरकार का मानना है कि इस योजना से किसानों पर ऋण का बोझ कम होगा और उन्हें कृषि कार्यों के लिए नई आर्थिक मजबूती मिलेगी।

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