पंचकूला: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने किसानों को बड़ी राहत देते हुए सूरजमुखी की खरीद के लिए पंजीकरण पोर्टल को अगले 60 दिनों के लिए दोबारा खोलने की घोषणा की है। यह फैसला उन किसानों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, जो विभिन्न कारणों से समय पर पंजीकरण नहीं करा सके थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र किसान अपनी फसल बेचने के अवसर से वंचित न रहे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पोर्टल को तुरंत प्रभाव से दोबारा चालू किया जाए, ताकि अधिक से अधिक किसान इसका लाभ उठा सकें।
किसानों को मिलेगा दूसरा मौका
सरकार के इस फैसले से उन किसानों को बड़ी राहत मिलेगी, जो पहले पंजीकरण से चूक गए थे। अब वे निर्धारित अवधि के भीतर पंजीकरण कर अपनी सूरजमुखी फसल को बेच सकेंगे, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान से बचाया जा सकेगा।
इको-टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कई अहम घोषणाएं भी कीं। पिपली और भिवानी चिड़ियाघरों के नवीनीकरण के साथ सरस्वती क्षेत्र में आधुनिक पक्षी विहार विकसित किया जाएगा, जिससे स्थानीय और प्रवासी पक्षियों को सुरक्षित आवास मिलेगा। इसके अलावा, कलेसर क्षेत्र में वन्यजीव पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आधारभूत ढांचे का विकास किया जाएगा। साथ ही विभिन्न पक्षी स्थलों को जोड़कर एक विशेष पर्यटन मार्ग तैयार किया जाएगा।
पर्यावरण संरक्षण के लिए बड़ा अभियान
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस वर्ष बड़े स्तर पर पौधारोपण अभियान चलाया जाएगा, जिसके तहत 1.50 करोड़ पौधे लगाए जाएंगे। इनमें से 50 लाख पौधे आम नागरिकों को निःशुल्क वितरित किए जाएंगे। साथ ही स्कूली विद्यार्थियों को भी पौधे देकर पर्यावरण के प्रति जागरूक किया जाएगा। सरकार का कहना है कि इन पहलों से न केवल किसानों को राहत मिलेगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ विकास को भी बढ़ावा मिलेगा।
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