मुंबई: महाराष्ट्र में भीषण गर्मी के बीच मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार 20 से 22 अप्रैल के बीच राज्य के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ आंधी-तूफान की संभावना है। इसको देखते हुए सरकार ने किसानों को अपनी फसलों की सुरक्षा के लिए सतर्क रहने की सलाह दी है।
कई क्षेत्रों में आंधी और ओलावृष्टि की आशंका
पूर्वानुमान के अनुसार पश्चिमी महाराष्ट्र के घाट क्षेत्र, खानदेश, मराठवाड़ा और विदर्भ के कुछ हिस्सों में दोपहर के समय बादल छाने और तेज हवाओं के साथ मौसम खराब होने की संभावना है। कुछ स्थानों पर बिजली गिरने और ओलावृष्टि भी हो सकती है, जिससे फसलों को नुकसान पहुंचने का खतरा बना हुआ है।
20 और 21 अप्रैल को बढ़ेगा असर
मौसम विभाग के अनुसार 20 और 21 अप्रैल को बारिश का दायरा और तीव्रता बढ़ सकती है। इस दौरान पुणे क्षेत्र, दक्षिणी मराठवाड़ा और विदर्भ के कई हिस्सों में ज्यादा असर देखने को मिल सकता है। 22 अप्रैल तक इस स्थिति में धीरे-धीरे सुधार होने की संभावना जताई गई है।
किसानों को सतर्क रहने की सलाह
राज्य के कृषि विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे आंधी-बारिश के मौसम को ध्यान में रखते हुए अपनी कृषि गतिविधियों की योजना बनाएं। कटी हुई फसलों को सुरक्षित और ढकी हुई जगह पर रखें और उन्हें खुले में न छोड़ें।
फसलों की सुरक्षा पर जोर
अधिकारियों ने किसानों से कहा है कि तेज हवाओं, बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को बचाने के लिए जरूरी इंतजाम करें। विशेष रूप से कटी हुई फसल और सब्जियों को सुरक्षित स्थान पर रखने की जरूरत है, ताकि नुकसान को कम किया जा सके। मौसम में इस बदलाव के चलते किसानों को सतर्क रहने और समय रहते आवश्यक कदम उठाने की सलाह दी गई है, जिससे फसलों को होने वाले नुकसान से बचाया जा सके।
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