लखनऊ: उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही की अध्यक्षता में विधानसभा समिति कक्ष में कृषि स्थाई समिति की बैठक आयोजित की गई। इस दौरान समिति के सदस्यों ने पिछली बैठकों में दिए गए सुझावों पर प्रदेश सरकार द्वारा की गई कार्यवाही की सराहना की और किसानों के कल्याण के लिए चलाई जा रही योजनाओं को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं कृषि मंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। बैठक में किसानों से जुड़े कई अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई, जिसमें फसलों की उचित मूल्य पर समय पर खरीद, आवारा पशुओं से फसल सुरक्षा और सरकारी योजनाओं का गांव-गांव तक प्रचार प्रमुख रहे।
प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर जोर
बैठक के दौरान सदस्यों ने पर्यावरण संरक्षण और मिट्टी की सेहत सुधारने के लिए प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने सुझाव दिया कि रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम कर प्राकृतिक तरीकों को अपनाने से खेती अधिक लाभकारी और टिकाऊ बन सकती है।
छुट्टा पशुओं से बढ़ती किसानों की परेशानी
समिति में यह मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया कि छुट्टा पशुओं के कारण किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। किसानों को रातभर खेतों की रखवाली करनी पड़ती है, इसके बावजूद फसलें सुरक्षित नहीं रह पातीं। इससे आर्थिक नुकसान बढ़ रहा है। वहीं सड़कों पर घूमते आवारा पशुओं के कारण दुर्घटनाएं भी बढ़ रही हैं, जो आम लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है।
किसानों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर जोर
कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने समिति के सदस्यों को आश्वस्त किया कि उनके सुझावों को आगामी योजनाओं में शामिल किया जाएगा। उन्होंने सदस्यों से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में किसानों को सरकारी योजनाओं की जानकारी दें और उन्हें इनका लाभ लेने के लिए प्रेरित करें। साथ ही उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि जनप्रतिनिधि स्वयं खेती का आदर्श मॉडल प्रस्तुत करें, ताकि अन्य किसान भी आधुनिक और उन्नत कृषि पद्धतियों को अपनाने के लिए प्रेरित हो सकें।
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