लुधियाना स्थित पंजाब कृषि विश्वविद्यालय (पीएयू) ने एक बार फिर गेहूं की किस्मों के क्षेत्र में बड़ा मुकाम हासिल किया है। रबी 2025-26 सीजन की तैयारी के बीच पीएयू की तीन किस्में PBW 826, PBW 872 और PBW 833 पूरे देश में उच्च उपज देने वाली किस्मों में टॉप परफॉर्मर बनकर सामने आई हैं। इन किस्मों को भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के मार्गदर्शन में तीन साल तक किए गए ट्रायल्स और मूल्यांकन के बाद मान्यता मिली है। माना जा रहा है कि आने वाले समय में पीएयू द्वारा विकसित गेहूं की ये किस्में किसानों के बीच तेजी से लोकप्रिय होंगी।
तीन साल के मूल्यांकन के बाद मिली सफलता
ग्वालियर में आयोजित ऑल इंडिया व्हीट रिसर्च वर्कर्स मीटिंग में इन किस्मों के प्रदर्शन का ऐलान किया गया। इसमें देशभर की ब्रीडिंग संस्थाओं द्वारा नामांकित उम्मीदवार किस्मों का परीक्षण किया गया था। लगातार तीन वर्षों तक इनका मूल्यांकन किया गया और फिर इन्हें जारी किया गया।
PBW 826: 40 फीसदी रकबे पर कब्जा
सिंचित समय पर बोई गई श्रेणी में PBW 826 ने उत्तर पश्चिमी मैदानी क्षेत्र (NWPZ) और उत्तर पूर्वी मैदानी क्षेत्र (NEPZ) दोनों में उपज का रिकॉर्ड बनाया।
- NWPZ में औसत उपज 65.7 क्विंटल/हेक्टेयर
- NEPZ में 53.6 क्विंटल/हेक्टेयर
यह किस्म DBW 222, HD 3386 और HD 3086 जैसी लोकप्रिय वैरायटी से बेहतर साबित हुई। 2022 में जारी की गई PBW 826 आज पंजाब की लगभग 40% गेहूं की खेती में बोई जा रही है। पीएयू के वाइस चांसलर डॉ. सतबीर सिंह गोसल ने कहा कि यह किस्म प्रोडक्टिविटी और एडाप्टेबिलिटी दोनों में नए मानक स्थापित कर रही है।
PBW 872: जल्दी बुआई में बेहतरीन प्रदर्शन
जल्दी बुआई और अधिक इनपुट वाली श्रेणी में PBW 872 ने 79.6 क्विंटल/हेक्टेयर की औसत उपज हासिल की। इसने DBW 327 और DBW 371 जैसी किस्मों को पीछे छोड़ दिया। उच्च उर्वरक खुराक के तहत ट्रायल के बावजूद, सामान्य उर्वरक स्थिति में भी इसका प्रदर्शन बेहतरीन पाया गया। यह किस्म वर्ष 2025 में पंजाब में आधिकारिक रूप से जारी होगी।
PBW 833: पछेती बोआई की नई उम्मीद
देर से बोई जाने वाली श्रेणी में PBW 833 ने 45.7 क्विंटल/हेक्टेयर उपज दी, जो DBW 107 और HD 3118 से काफी अधिक है। हालांकि, यह किस्म पंजाब के लिए उपयुक्त नहीं है और इसे मुख्यतः उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में बोया जाएगा।
किसानों के लिए बड़ा आकर्षण बनेगी
पीएयू के वैज्ञानिकों का कहना है कि आने वाले किसान मेलों में PBW 872 और PBW 826 जैसी किस्में किसानों के लिए मुख्य आकर्षण होंगी। ये उच्च उपज देने वाली गेहूं किस्में किसानों की आमदनी बढ़ाने और रबी सीजन को और अधिक सफल बनाने में बड़ी भूमिका निभाएंगी।
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