नई दिल्ली: बरसात का मौसम न केवल हरियाली और ठंडक लेकर आता है, बल्कि यह समय सब्जियों की खेती के लिए भी सबसे उपयुक्त माना जाता है। इस मौसम में हरी पत्तेदार सब्जियां आसानी से उगाई जा सकती हैं और उनकी पैदावार भी अच्छी होती है। लेकिन आमतौर पर लोगों को यह नहीं पता होता कि बरसात में कौन-कौन सी सब्जियां लगाई जानी चाहिए और उनके लिए बीज कहां से लाएं। इसी समस्या को देखते हुए राष्ट्रीय बीज निगम (NSC) ने एक नई पहल करते हुए बरसात के मौसम में उगाई जाने वाली हरी सब्जियों का बीज किट बाजार में उतारा है। यह किट अब आसानी से ऑनलाइन मंगाई जा सकती है।
शहरों में गार्डनिंग का ट्रेंड बढ़ता जा रहा है। लोग अब अपनी छतों, बालकनी या छोटे-छोटे गमलों में ही सब्जियां उगाने लगे हैं। ताजगी, स्वाद और रसायन मुक्त उत्पादन के कारण घरेलू गार्डनिंग की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है। इसी मांग को देखते हुए NSC ने ओएनडीसी (ONDC) के ऑनलाइन स्टोर पर 12 किस्मों की हरी सब्जियों का बीज किट उपलब्ध कराया है। इस किट में लाल और हरे चौलाई का साग, पालक, धनिया, ग्वार, फ्रेंचबीन, बैंगन, टमाटर, लौकी, खीरा, भिंडी और तोरई जैसी सब्जियों के बीज शामिल हैं। ये सभी सब्जियां बरसात के मौसम में अच्छी पैदावार देती हैं।
इस बीज किट की कुल मात्रा 120 ग्राम है और इसकी कीमत मात्र 150 रुपये रखी गई है। वर्तमान में इस पर 25 प्रतिशत की छूट भी दी जा रही है, जिससे इसे और भी किफायती बना दिया गया है। इसे कोई भी व्यक्ति ऑनलाइन ऑर्डर करके अपने घर पर मंगवा सकता है और बालकनी या छत पर छोटी सी जैविक खेती की शुरुआत कर सकता है। शहरों में रहने वाले लोग आमतौर पर सब्जियों के लिए बाजार पर निर्भर रहते हैं, जहां अधिकतर सब्जियों में रसायनों और कीटनाशकों का उपयोग किया जाता है। इससे न केवल स्वाद खराब होता है, बल्कि स्वास्थ्य पर भी असर पड़ता है। ऐसे में घर पर ही हरी सब्जियां उगाना न सिर्फ सुरक्षित है, बल्कि ताजगी और पौष्टिकता से भरपूर भी है।
गमलों में सब्जियां उगाने के लिए बहुत अधिक जगह की जरूरत नहीं होती। एक सामान्य आकार का गमला, जिसमें पानी निकासी के लिए छेद हो, उपजाऊ मिट्टी जिसमें वर्मी कंपोस्ट, बालू और मिट्टी का संतुलित मिश्रण हो, और नियमित धूप व पानी से आप आसानी से इन बीजों को उगाकर हरी सब्जियां प्राप्त कर सकते हैं। बीजों को मिट्टी में 1-2 इंच गहराई तक बोकर हल्के पानी के साथ नियमित देखभाल करने पर कुछ ही हफ्तों में हरे पत्तों की हरियाली दिखने लगती है। राष्ट्रीय बीज निगम की यह पहल खासतौर पर शहरी आबादी और छोटे किसानों के लिए एक उपयोगी कदम है। इससे न केवल लोगों को ताजी और रसायन मुक्त सब्जियां मिलेंगी, बल्कि ‘हर घर बगिया’ और ‘आत्मनिर्भर किसान’ जैसे अभियानों को भी मजबूती मिलेगी। इस मानसून में अगर आप भी ताजगी से भरपूर और शुद्ध सब्जियां खाना चाहते हैं तो यह बीज किट आपके लिए एक बेहतरीन विकल्प हो सकता है।

